बाड़मेर
पचपदरा रिफाइनरी में आगजनी की घटना के बाद मंगलवार को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने पचपदरा पहुंचकर रिफाइनरी का निरीक्षण किया। इससे पहले एनआईए ओर स्टेड की जांच एजेंसियां भी पहुंच गई। सीएम शर्मा का हेलीकॉप्टर रिफाइनरी के अंदर बने हेलीपैड पर लेंड हुआ। जिसके बाद उन्होंने अधिकारियों के साथ दो-ढाई घंटे तक बैठक करके विस्तार से चर्चा करके फीडबैक लिया।
सीएम के पचपदरा दौरे के दौरान केबिनेट मंत्री जोगाराम पटेल , राज्यमंत्री के.के विश्नोई के अलावा मुख्य सचिव वी श्रीनिवास भी मौजूद रहे। निरीक्षण के बाद सीएम शर्मा जयपुर के लिए रवाना हो गए।
राजस्थान सरकार के संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल ने मंगलवार को आयोजित प्रेस वार्ता में रिफाइनरी से जुड़ी अहम जानकारी साझा करते हुए बताया कि प्रस्तावित लोकार्पण कार्यक्रम को फिलहाल स्थगित कर दिया गया है। यह लोकार्पण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कर-कमलों से होना था, जिसे तकनीकी कारणों के चलते टालना पड़ा।
मंत्री पटेल ने बताया कि सोमवार दोपहर करीब 1:55 बजे रिफाइनरी परिसर में लीकेज की समस्या सामने आई थी। घटना की जानकारी मिलते ही तकनीकी अधिकारियों और एचपीसीएल की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए महज एक घंटे के भीतर, लगभग 2:45 बजे तक स्थिति पर पूरी तरह नियंत्रण पा लिया। अधिकारियों की सतर्कता और त्वरित प्रतिक्रिया से एक संभावित बड़ी दुर्घटना को टाल दिया गया, जिससे किसी भी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।
उन्होंने बताया कि घटना के बाद मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा स्वयं आज रिफाइनरी पहुंचे और अंदर जाकर तकनीकी व्यवस्थाओं व बाहरी सुरक्षा इंतजामों का गहन निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कंट्रोल रूम में तैनात अग्निशमन अधिकारियों व कर्मचारियों से संवाद कर उनकी कार्यक्षमता की सराहना की। साथ ही, आपात स्थिति में मुस्तैदी से काम करने वाली महिला अधिकारियों के साहस और समर्पण की भी विशेष प्रशंसा की।
मंत्री पटेल ने बताया कि रिफाइनरी एक विस्तृत क्षेत्र में फैली हुई है और लीकेज से हुआ नुकसान केवल एक सीमित हिस्से तक ही सीमित रहा। उन्होंने कहा कि लीकेज के वास्तविक कारणों की गहन जांच के लिए अन्य रिफाइनरियों से विशेषज्ञों और बड़ी तकनीकी टीमों को बुलाया जा रहा है, ताकि समस्या का स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जा सके।
उन्होंने भरोसा दिलाया कि मरम्मत कार्य पूरा होते ही रिफाइनरी अपने निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार कमर्शियल उत्पादन शुरू कर देगी।
साथ ही प्रशासन और तकनीकी टीमें लगातार निगरानी बनाए हुए हैं, जिससे भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके। उन्होंने कहा कि अत्याधुनिक तकनीक से सुसज्जित यह रिफाइनरी क्षेत्र के औद्योगिक विकास में मील का पत्थर साबित होगी और रोजगार के नए अवसर भी सृजित करेगी।
