जानकारी के अनुसार भीयाड़ गांव निवासी घमंडाराम पुत्र वगताराम शनिवार रात खाना खाने के बाद घर से निकला था। देर रात गांव के पुराने कुएं के पास से चिल्लाने की आवाज सुनाई दी। आसपास मौजूद लोगों ने मौके पर पहुंचकर देखा तो युवक कुएं में गिर चुका था। इसके बाद तुरंत ग्रामीणों और परिजनों ने पुलिस को सूचना दी।
सूचना मिलते ही शिव थाना पुलिस और भीयाड़ चौकी पुलिस मौके पर पहुंची। कुआं अत्यधिक गहरा होने और ऊपर भारी पत्थर की शिलाएं होने के कारण रेस्क्यू में काफी दिक्कतें आईं। रात में सिविल डिफेंस टीम को बुलाया गया, लेकिन अंधेरा और कुएं की गहराई के चलते शव तक पहुंचना संभव नहीं हो पाया।
रविवार सुबह जोधपुर से एसडीआरएफ टीम मौके पर पहुंची। टीम ने क्रेन की सहायता से कुएं के ऊपर रखी पत्थर की शिलाओं को हटाया और फिर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। कई घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद दोपहर करीब 1 बजे युवक के शव को बाहर निकाला गया। इसके बाद शव को भीयाड़ अस्पताल की मॉर्च्यूरी में रखवाया गया।
भीयाड़ चौकी प्रभारी प्रहलादराम ने बताया कि मृतक के भाई नारायणराम की रिपोर्ट पर मर्ग दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। परिजनों के अनुसार घमंडाराम का मानसिक संतुलन ठीक नहीं था और उसका इलाज मथुरादास माथुर अस्पताल में चल रहा था। प्राथमिक जांच में मानसिक तनाव के चलते आत्महत्या की आशंका जताई जा रही है।
पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सुपुर्द कर दिया है और मामले की विस्तृत जांच जारी है।
