जैसलमेर में दर्दनाक हादसा: बीड़ी की चिंगारी से लगी आग में मजदूर की जिंदा जलकर मौत
जैसलमेर के रीको शिल्पग्राम में बीड़ी की चिंगारी से लगी आग में मजदूर की जिंदा जलकर मौत, जांच जारी।
जिले के रीको शिल्पग्राम क्षेत्र में शनिवार रात एक बेहद दर्दनाक हादसा सामने आया, जहां निर्माणाधीन फैक्ट्री परिसर में बने एक कमरे में सो रहे मजदूर की आग में जलकर मौत हो गई। यह हादसा बीड़ी की चिंगारी से लगी आग के कारण हुआ। घटना का खुलासा रविवार सुबह तब हुआ, जब काम पर पहुंचे साथी मजदूर उसे बुलाने उसके कमरे तक पहुंचे।
कमरे में सोते समय हुआ हादसा
पुलिस के अनुसार, मृतक की पहचान दीवानाराम (46) निवासी आगरा के रूप में हुई है। वह पिछले कुछ समय से रीको शिल्पग्राम क्षेत्र में एक निर्माणाधीन फैक्ट्री में मजदूरी कर रहा था। शनिवार रात को वह रोज की तरह अपने कमरे में सोया हुआ था। प्राथमिक जांच में सामने आया है कि दीवानाराम बीड़ी पीते हुए सो गया था। इसी दौरान बीड़ी की चिंगारी उसकी रजाई पर गिर गई, जिससे धीरे-धीरे आग फैलती चली गई।
धुआं भरने से घुट गया दम
आग लगने के बाद कमरे में धीरे-धीरे धुआं भर गया। नींद में होने के कारण दीवानाराम को स्थिति का अंदाजा नहीं लग पाया और वह समय रहते बाहर नहीं निकल सका। आग में झुलसने और धुएं में दम घुटने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। कमरे में आग सीमित स्तर पर ही रही, लेकिन बंद जगह होने के कारण धुएं का असर ज्यादा घातक साबित हुआ।
सुबह साथियों ने देखा भयावह मंजर
रविवार सुबह जब दीवानाराम तय समय पर काम पर नहीं पहुंचा, तो उसके साथी मजदूर उसे बुलाने उसके कमरे तक पहुंचे। काफी देर तक दरवाजा नहीं खुलने पर उन्होंने दरवाजा खोला। अंदर का दृश्य देखकर सभी सन्न रह गए। कमरे में धुएं का गुबार भरा हुआ था और जले हुए सामान की तेज बदबू आ रही थी। कमरे के अंदर दीवानाराम का शव झुलसी हुई अवस्था में पड़ा था। इसके बाद तुरंत ठेकेदार और पुलिस को सूचना दी गई।
पुलिस ने मौके से जुटाए साक्ष्य
सूचना मिलने पर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। थाना प्रभारी सुरजाराम जाखड़ ने बताया कि पुलिस टीम ने घटनास्थल का मुआयना किया और आवश्यक साक्ष्य जुटाए हैं। प्रारंभिक जांच में किसी तरह की साजिश या बाहरी कारण सामने नहीं आया है। मामला हादसे का प्रतीत हो रहा है।
शव मॉर्च्यूरी में सुरक्षित
पुलिस ने शव को जवाहिर अस्पताल की मॉर्च्यूरी में रखवाया है। मृतक के परिजनों को घटना की जानकारी दे दी गई है। बताया गया है कि दीवानाराम का भाई भी इसी क्षेत्र में मजदूरी करता है, जिसे पुलिस ने सूचित कर दिया है। परिजनों के जैसलमेर पहुंचने के बाद सोमवार को मेडिकल बोर्ड से पोस्टमॉर्टम कराया जाएगा।
परिजनों के आने के बाद होगा पोस्टमॉर्टम
थाना प्रभारी सुरजाराम जाखड़ ने बताया कि परिजनों की मौजूदगी में मेडिकल बोर्ड से पोस्टमॉर्टम करवाया जाएगा, ताकि मौत के कारणों की विधिवत पुष्टि की जा सके। पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा।
मजदूरों की सुरक्षा पर उठे सवाल
इस घटना के बाद निर्माण स्थलों पर मजदूरों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। अस्थायी कमरों में रहने वाले मजदूरों के लिए आग से बचाव के पर्याप्त इंतजाम नहीं होने की बात सामने आ रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह की घटनाओं से सबक लेकर मजदूरों के रहने की जगहों पर सुरक्षा उपायों को मजबूत किया जाना चाहिए।