नागौर मंडी अवैध वसूली मामला ;प्रशासन ने दिखाई सख्ती 25 लाख से ज्यादा की राशि जब्त, तौल व्यवस्था में बड़े सुधार
नागौर कृषि मंडी में तौल के नाम पर अवैध वसूली का मामला सामने आने के बाद प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। रजिस्ट्रार (कोऑपरेटिव) सुभाष सिरवा और SDM गोविंद भींचर ने मंडी का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं में सुधार के निर्देश दिए। संदिग्ध 25 लाख रुपए से अधिक की राशि जब्त कर पुलिस को सौंप दी गई है। पारदर्शी तौल के लिए कांटों की संख्या बढ़ाने, सीसीटीवी निगरानी, अधिकारियों की तैनाती और 7 दिन तक नए टोकन पर रोक जैसे अहम कदम उठाए गए हैं। जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
नागौर मंडी में तौल के नाम पर अवैध वसूली के मामले में प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। 7 जनवरी को अवैध वसूली का मामला सामने आने के बाद मंडी की व्यवस्थाओं पर भी सवाल खड़े हो गए थे। इस मामले में अब रजिस्ट्रार (कोऑपरेटिव) सुभाष सिरवा और SDM गोविंद भींचर ने सख्ती दिखाई है।
प्रशासन ने संदिग्ध राशि जब्त कर पुलिस को सौंपी है। मंडी में पारदर्शी तुलाई के साथ किसानों की सुविधा के लिए अधिकारियों की तैनाती के साथ बुनियादी कदम उठाए गए हैं।
रजिस्ट्रार सुभाष सिरवा का कहना है कि संदिग्ध राशि को जब्त कर पुलिस को सौंप दिया गया है। गंभीर आरोप लगाए गए थे कि मंडी के किसानों से अवैध वसूली की जा रही है। पारदर्शिता को ध्यान में रखते हुए पुलिस मामला पुलिस को जांच के लिए सौंपा गया है। जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषियों के खिलाफ लड़ी कार्रवाई की जाएगी।
रजिस्ट्रार और SDM ने किया मंडी का निरीक्षण
रजिस्ट्रार गोविंद भींचर और SDM गोविंद सिरवा ने मंडी का निरीक्षण पर व्यवस्था के सुधार के निर्देश दिए है। किसानों को अपनी बारी के लिए इंतजार ना करना पड़े और ना ही किसी दलाल के झांसे में आना पड़े, इसके लिए संसाधनों को बढ़ाया का रहा है।
प्रशासन ने उठाए बुनियादी कदम
•कांटे बढ़ाए ; वर्तमान की बात करें तो मंडी के तौल के लिए 5 कांटे लगे हैं। जिसकी संख्या बढ़ाकर 10 की जाएगी।
•निगरानी बढ़ाई ; डिपार्टमेंट के 3 वरिष्ठ अधिकारियों (दो इंस्पेक्टर और एक एआर रैंक अधिकारी) को निगरानी के लिए नियुक्त किया गया है।
•5 सीसीटीवी कैमरे ; पूरे मंडी परिसर में तकनीकी निगरानी के लिए 5 नए हाई - डेफिनेशन के सीसीटीवी कैमरे लगाए जा रहे है। ताकि खरीद प्रक्रिया की लाइव मॉनिटरिंग की जा सके।
•मशीनों और लेबर के इजाफा ; ग्रेडिंग मशीनों की संख्या के साथ लेबर की तादाद भी बढ़ाई जा रही है।
7 दिन के लिए टोकन पर रहेगी रोक
मंडी के पेंडिंग पड़े माल (बैकलॉग) को अधिकारियों में नए रूप से रणनीति तैयार की है। प्रशासन की मानें तो अगले 2 से 3 दिन में पुराने सभी टोकन की तुलाई पूरी कर ली जाए। इसके लिए जयपुर मुख्यालय को भी सूचित किया गया है कि अगले 7 दिन तक नए टोकन ना जारी किए जाए। जिससे कि मंडी के भीड़ कम होगी और व्यवस्था सुचारु हो सकेगी।
7 जनवरी को मिली थी भ्रष्टाचार की शिकायत, 25 लाख से अधिक की राशि बरामद
7 जनवरी को खरीद के लिए किसानों ने कोऑपरेटिव सोसायटी के ठेकेदार पर अवैध वसूली का आरोप लगाया था। किसानों का आरोप था कि ठेकेदार द्वारा प्रति क्विंटल 300 रुपए की मांग की जा रही है। पूरे घटनाक्रम के दौरान किसानों और ग्रामीणों ने ठेकेदार के एक दलाल को भी घेरा था। जिसके पास करीब 25 लाख रुपए से अधिक की राशि भी बरामद की गई थी। पूरे घटनाक्रम की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और पुलिस में राशि को कब्जे में लेकर जांच पड़ताल शुरू की है।