नए साल पर महंगाई का झटका: 19 किलो कमर्शियल गैस सिलेंडर 111 रुपये महंगा

1 जनवरी 2026 से 19 किलो कमर्शियल LPG सिलेंडर 111 रुपये महंगा हुआ। जयपुर समेत जानिए नए रेट और असर।

Jan 1, 2026 - 09:57
नए साल पर महंगाई का झटका: 19 किलो कमर्शियल गैस सिलेंडर 111 रुपये महंगा

नए साल 2026 की शुरुआत के साथ ही आम लोगों और कारोबारियों को महंगाई का झटका लगा है। देश की सरकारी ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने 1 जनवरी से 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल एलपीजी गैस सिलेंडर के दाम बढ़ा दिए हैं। इस बार बढ़ोतरी मामूली नहीं बल्कि सीधे 111 रुपये की की गई है। इसका सीधा असर होटल, रेस्टोरेंट, ढाबे, कैटरिंग और अन्य व्यावसायिक गतिविधियों पर पड़ना तय माना जा रहा है।

19 किलो कमर्शियल सिलेंडर के दाम बढ़े

इंडियन ऑयल (IOC), हिंदुस्तान पेट्रोलियम (HPCL) और भारत पेट्रोलियम (BPCL) जैसी सरकारी तेल कंपनियों ने कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर के रेट में बढ़ोतरी का ऐलान किया है। 19 किलो वाले कमर्शियल सिलेंडर के दाम में 111 रुपये की बढ़ोतरी की गई है। राजस्थान की राजधानी जयपुर में पहले इस सिलेंडर की कीमत करीब 1608.50 रुपये थी, जो अब बढ़कर 1691.50 रुपये हो गई है। नए रेट 1 जनवरी 2026 से लागू हो गए हैं।

दिसंबर में मिली थी राहत, जनवरी में झटका

गौर करने वाली बात यह है कि दिसंबर 2025 में ही कमर्शियल सिलेंडर के दामों में 10 रुपये की मामूली कटौती की गई थी। उस समय कारोबारियों को थोड़ी राहत मिली थी, लेकिन नए साल की पहली तारीख को ही कीमतों में भारी बढ़ोतरी कर दी गई। इससे साफ है कि गैस की कीमतों में उतार-चढ़ाव लगातार बना हुआ है।

घरेलू सिलेंडर के दाम स्थिर

जहां कमर्शियल सिलेंडर महंगा हुआ है, वहीं आम घरेलू उपभोक्ताओं के लिए राहत की बात यह है कि 14.2 किलो वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। फिलहाल घरेलू गैस सिलेंडर के दाम अलग-अलग शहरों में करीब 850 रुपये से 960 रुपये के बीच बने हुए हैं। इससे घरेलू किचन बजट पर फिलहाल कोई अतिरिक्त बोझ नहीं पड़ा है।

PNG उपभोक्ताओं को राहत

इस बीच पीएनजी (Piped Natural Gas) इस्तेमाल करने वालों के लिए राहत की खबर है। इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड ने पीएनजी की कीमतों में कटौती की है। हालांकि यह राहत सीमित क्षेत्र तक ही है, लेकिन इससे साफ संकेत मिलता है कि गैस सेक्टर में कीमतों को लेकर अलग-अलग फैसले लिए जा रहे हैं।

क्या होते हैं कमर्शियल सिलेंडर

कमर्शियल सिलेंडर वे एलपीजी सिलेंडर होते हैं जिनका उपयोग व्यावसायिक कामों में किया जाता है। इनमें होटल, रेस्टोरेंट, ढाबे, कैंटीन, शादी समारोह, कैटरिंग और छोटे-बड़े उद्योग शामिल हैं। ये सिलेंडर घरेलू सिलेंडरों (14.2 किलो) से बड़े होते हैं, जैसे 19 किलो या 35 किलो। आमतौर पर ये नीले रंग के होते हैं और इन पर किसी तरह की सरकारी सब्सिडी नहीं मिलती।

कारोबारियों पर पड़ेगा सीधा असर

कमर्शियल गैस सिलेंडर महंगा होने से होटल, रेस्टोरेंट और कैटरिंग से जुड़े कारोबारियों की लागत बढ़ना तय है। गैस इनके रोजमर्रा के खर्च का बड़ा हिस्सा होती है। ऐसे में बढ़ी हुई लागत का असर आगे चलकर खाने-पीने की चीजों की कीमतों पर भी पड़ सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि गैस के दाम लंबे समय तक ऊंचे बने रहते हैं, तो इसका बोझ अंततः ग्राहकों तक पहुंच सकता है।

नए साल में महंगाई की चुनौती

नए साल के जश्न के बीच गैस सिलेंडर की कीमतों में हुई यह बढ़ोतरी महंगाई की चुनौती को एक बार फिर सामने ले आई है। आने वाले महीनों में तेल कंपनियों के फैसलों पर सभी की नजरें टिकी रहेंगी, क्योंकि इसका सीधा असर आम लोगों और कारोबार दोनों पर पड़ता है।