राजस्थान की जीडीपी में पर्यटन का योगदान 10% से ऊपर ले जाने का लक्ष्य : गजेंद्र सिंह शेखावत
राजस्थान में आध्यात्मिक व अनुभवात्मक पर्यटन को बढ़ावा देकर जीडीपी में 10% योगदान का लक्ष्य, बोले गजेंद्र सिंह शेखावत।
केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा है कि राजस्थान की जीडीपी में पर्यटन का योगदान 10 प्रतिशत से अधिक तक ले जाना केंद्र और राज्य सरकार का साझा लक्ष्य है। इसके लिए पर्यटन को केवल घूमने तक सीमित न रखकर आध्यात्मिक और अनुभवात्मक स्वरूप में विकसित किया जा रहा है, ताकि पर्यटक यहां से यादगार अनुभव लेकर लौटें। नाथद्वारा में श्रीनाथ जी मंदिर में दर्शन के बाद मीडिया से बातचीत में केंद्रीय मंत्री ने कहा कि राजस्थान में आस्था, इतिहास और संस्कृति का अनूठा संगम है। यही वजह है कि राज्य में टूरिज्म को नई दिशा देने के लिए केंद्र सरकार विशेष योजनाओं के तहत काम कर रही है।
केंद्रीय मंत्री ने बताया कि भारत सरकार की प्रसाद योजना के तहत राजस्थान के प्रमुख धार्मिक स्थलों पर बुनियादी सुविधाएं मजबूत की जा रही हैं। इनमें खाटू श्याम जी मंदिर, करणी माता मंदिर और तनोट माता मंदिर जैसे आस्था केंद्र शामिल हैं। इन परियोजनाओं का उद्देश्य श्रद्धालुओं को सुगम दर्शन उपलब्ध कराने के साथ-साथ स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा करना है।
कुंभलगढ़ में आयोजित समीक्षा बैठक का जिक्र करते हुए शेखावत ने कहा कि चित्तौड़गढ़ किला और कुम्भलगढ़ किला जैसे विश्व धरोहर स्थलों को और अधिक आकर्षक बनाया जा रहा है। इन किलों में सुविधाओं के विस्तार के साथ ऐसा माहौल तैयार किया जा रहा है, जहां पर्यटक इतिहास को महसूस कर सकें। इस कार्य में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण, जिला प्रशासन और राज्य पर्यटन विभाग मिलकर काम कर रहे हैं।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि पर्यटन की असली सफलता केवल पर्यटकों की संख्या से नहीं, बल्कि उनके अनुभव और संतुष्टि से तय होती है। सरकार का प्रयास है कि राजस्थान आने वाला हर पर्यटक सकारात्मक स्मृतियां लेकर लौटे और दोबारा यहां आने के लिए प्रेरित हो। उन्होंने राजस्थान सरकार द्वारा बजट में पर्यटन क्षेत्र के लिए की गई घोषणाओं की सराहना करते हुए कहा कि केंद्र और राज्य के साझा प्रयासों से राजस्थान आने वाले समय में वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर एक नए और मजबूत रूप में उभरेगा।