जयपुर के नीरजा मोदी स्कूल में दर्दनाक हादसा: चौथी मंजिल से गिरी छात्रा की मौत, परिजनों ने स्कूल पर लगाया सबूत मिटाने का आरोप
जयपुर के नीरजा मोदी स्कूल में 9 वर्षीय छात्रा की चौथी मंजिल से गिरकर मौत, स्कूल पर FIR दर्ज।
जयपुर में शनिवार दोपहर नीरजा मोदी स्कूल में दर्दनाक हादसा हो गया। चौथी मंजिल से गिरने के बाद 9 वर्षीय छात्रा अमायरा की मौत हो गई। बच्ची चौथी कक्षा में पढ़ती थी। यह घटना दोपहर करीब 1:30 बजे की बताई जा रही है।
सूत्रों के अनुसार, छात्रा स्कूल की चौथी मंजिल से नीचे झाड़ियों में गिरी और उसका सिर दीवार से टकरा गया। आवाज सुनकर स्टाफ मौके पर पहुंचा और बच्ची को तुरंत मेट्रो मास हॉस्पिटल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
🔹 मां की गुहार — “मेरी बेटी को लौटा दो”
अस्पताल में बच्ची की मां शिबानी देव, जो बैंक ऑफ बड़ौदा में चीफ मैनेजर हैं, अपनी बेटी को गोद में लेने की जिद करती रहीं। वहीं पिता विजय देव (LIC कर्मचारी) सदमे में खामोश बैठे रहे। परिवार मानसरोवर के द्वारका अपार्टमेंट में रहता है।
🔹 स्कूल पर सबूत मिटाने का आरोप
परिजनों ने आरोप लगाया है कि स्कूल प्रबंधन ने हादसे के बाद घटनास्थल से खून के धब्बे और निशान मिटा दिए, जिससे सबूत नष्ट हो गए। पिता की शिकायत पर पुलिस ने स्कूल प्रबंधन और शिक्षकों के खिलाफ FIR दर्ज की है। परिजनों ने कहा कि स्कूल ने उन्हें घटना की सही जानकारी नहीं दी और न ही वह स्थान दिखाया जहां बच्ची गिरी थी।
🔹 सीसीटीवी फुटेज से खुलासा
पुलिस जांच में सामने आया है कि बच्ची सीसीटीवी कैमरे में चौथी मंजिल पर जाती और रेलिंग पर बैठती दिखाई दी, कुछ सेकंड बाद वह नीचे गिर गई। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज जब्त कर फोरेंसिक टीम को सौंप दिया है।
🔹 डॉक्टरों की रिपोर्ट — पसलियां टूटी, सिर में गंभीर चोट
डॉक्टरों ने बताया कि बच्ची के गिरने से उसकी कई पसलियां टूट गईं, जो आंतरिक अंगों में धंस गई थीं। इससे उसकी बॉडी में हवा भर गई और सूजन आ गई। सिर पर गहरी चोट और अत्यधिक ब्लीडिंग के कारण मौत हुई।
🔹 शिक्षा मंत्री ने दिए जांच के आदेश
राजस्थान के शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने घटना को “बेहद दुखद” बताया और कहा कि मामले की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि जो भी इस हादसे के लिए जिम्मेदार पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
🔹 अभिभावक संघ ने कहा — सुरक्षा की भारी लापरवाही
संयुक्त अभिभावक संघ राजस्थान के प्रदेशाध्यक्ष अरविंद अग्रवाल और प्रवक्ता अभिषेक जैन बिट्टू ने आरोप लगाया कि टीचर्स की प्रताड़ना और सुरक्षा की लापरवाही के कारण बच्ची ने यह कदम उठाया। उन्होंने कहा कि स्कूल प्रशासन ने “सत्य छिपाने और पेरेंट्स पर दोष डालने की कोशिश” की है।
🔹 पुलिस जांच जारी
मानसरोवर थाना प्रभारी लखन सिंह के अनुसार, एफएसएल टीम ने स्कूल से साक्ष्य एकत्र किए हैं। घटना की जांच फोरेंसिक रिपोर्ट और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर की जा रही है।