बाड़मेर पुलिस को मिली मोबाइल फोरेंसिक लैब वैन — मौके पर ही 14 तरह की जांच, अपराधियों तक पहुंच आसान
बाड़मेर पुलिस को मिली अत्याधुनिक मोबाइल फोरेंसिक वैन, अब घटना स्थल पर ही सबूतों की जांच होगी।
बाड़मेर।
बाड़मेर पुलिस को अब अपराध जांच में तकनीकी मजबूती मिलने जा रही है। जिले को एक अत्याधुनिक मोबाइल फोरेंसिक यूनिट वैन मिली है, जिससे अब पुलिस को किसी भी घटना स्थल पर मौके पर ही वैज्ञानिक तरीके से सबूत जुटाने और जांच करने में सहायता मिलेगी। यह वैन एफएसएल विभाग और पुलिस प्रशासन की संयुक्त पहल पर उपलब्ध कराई गई है।
एसपी नरेंद्र सिंह मीना ने बताया कि इस मोबाइल फोरेंसिक यूनिट से अपराध की जांच प्रक्रिया में तेजी आएगी। अब घटनास्थल से मिले साक्ष्यों की तुरंत लैब टेस्टिंग और रिपोर्टिंग संभव होगी, जिससे अपराधियों की पहचान और गिरफ्तारी में मदद मिलेगी। इसके लिए एक फोरेंसिक साइंटिस्ट (एफएसएल अधिकारी) को भी नियुक्त किया गया है।
🔹 मौके पर जांच, तुरंत रिपोर्ट
पहले पुलिस को किसी भी अपराध के बाद सबूत इकट्ठा कर उन्हें लैब भेजना पड़ता था। रिपोर्ट आने में कई दिन लग जाते थे, जिससे जांच की प्रक्रिया धीमी पड़ जाती थी। अब मोबाइल फोरेंसिक वैन मौके पर ही साक्ष्य इकट्ठा कर वहीं प्राथमिक जांच और परीक्षण कर सकेगी। इससे पुलिस को रियल-टाइम रिपोर्टिंग मिलेगी और अपराधियों तक पहुंचने में लगने वाला समय काफी घटेगा।
🔹 14 प्रकार की फोरेंसिक जांच की सुविधा
नई वैन में 14 तरह की विशेष फोरेंसिक जांच किटें उपलब्ध हैं। इनमें शामिल हैं —
लैंगिक अपराध जांच किट
डीएनए टेस्टिंग किट
रक्त एवं जैविक नमूना जांच
आगजनी और विस्फोटक जांच
साइबर फोरेंसिक किट
नशीले पदार्थों की पहचान किट
टायर, पैर और हथियारों के निशान साक्ष्य संग्रह किट
इनके अलावा, वैन में हाई-क्वालिटी रिकॉर्डिंग कैमरे लगे हैं जो घटनास्थल पर की जा रही जांच और साक्ष्य प्रक्रिया को रिकॉर्ड करते हैं।
🔹 वैज्ञानिक अधिकारी करेंगे संचालन
मोबाइल फोरेंसिक यूनिट की जिम्मेदारी वैज्ञानिक सहायक जगदीश विश्नोई को सौंपी गई है। वे वैन के प्रभारी अधिकारी के रूप में कार्य करेंगे और प्रत्येक घटनास्थल पर साक्ष्य की वैज्ञानिक जांच सुनिश्चित करेंगे।