बाड़मेर के रेतीले धोरों में छिपी थी 15 करोड़ की एमडी ड्रग्स फैक्ट्री

राजस्थान के बाड़मेर जिले के आदर्श केरली गांव में रेतीले धोरों के बीच एक सुनसान मकान में लकड़ी के कारखाने की आड़ में एमडी ड्रग्स की फैक्ट्री चल रही थी। गुरुवार रात डीएसटी और पुलिस की संयुक्त टीम ने दबिश दी, लेकिन मुख्य आरोपी मोटाराम (20 साल पुराना कुख्यात तस्कर) मौके से फरार हो गया।

Dec 19, 2025 - 12:27
बाड़मेर के रेतीले धोरों में छिपी थी 15 करोड़ की एमडी ड्रग्स फैक्ट्री

बाड़मेर। राजस्थान के बाड़मेर जिले के सुनसान रेतीले इलाके में लकड़ी के कारखाने की आड़ में चल रही थीं 15 करोड़ रुपये से ज्यादा कीमत की एमडी (मेथिलीनडायॉक्सीमेथमफेटामाइन) ड्रग्स की फैक्ट्री। गुरुवार रात डीएसटी और पुलिस की संयुक्त टीम ने जब दबिश दी तो मुख्य आरोपी 20 साल पुराना कुख्यात तस्कर मौके से फरार हो गया।

फैक्ट्री सदर थाना क्षेत्र के आदर्श चवा केरली नाड़ी में चल रही थी। यहां पर तस्कर मोटाराम के चचेरे भाई भैराराम का लकड़ी का कारखाना है। इसी कारखाने की आड़ में वह एमडी ड्रग की फैक्ट्री चला रहा था।गुरुवार देर रात डीएसटी और पुलिस टीम ने दबिश देकर यहां से करीब 15 करोड़ रुपए से ज्यादा कीमत की तैयार ड्रग और केमिकल से भरे ड्रम जब्त किए है। ड्रग बनाने के दौरान बदबू नहीं आए इसलिए बदमाश छतों पर बर्तन में इसे छिपाकर सुखाते थे।हेरानी की बात ये है कि सरकारी स्कूल के पास ड्रग बनाने की फैक्ट्री चल रही थी। 18 महीनों में बाड़मेर पुलिस की ड्रग फैक्ट्री पकड़ने की ये तीसरी बड़ी कार्रवाई है।

 क्या-क्या मिला?

तैयार एमडी ड्रग्स: अनुमानित 10-15 किलो (अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत 15 करोड़ से अधिक)  

केमिकल से भरे दर्जनों ड्रम

कलर मिक्सिंग मशीन

माइनस 20 डिग्री तापमान वाला फ्रिज (केमिकल स्टोर करने के लिए)

बड़ी संख्या में पाउच, पाउडर और पैकिंग सामग्री 

फैक्ट्री का अजीबोगरीब लोकेशन

फैक्ट्री बाड़मेर-सिणधरी हाईवे से करीब 12 किमी दूर आदर्श केरली गांव के रेतीले धोरों के बीच एक पूरी तरह सुनसान मकान में चल रही थी। 

पहुंचने के दो रास्ते थे: बाड़मेर-सिणधरी हाईवे से रेतीला मार्ग

आदर्श केरली नाड़ी स्कूल के पास से होकर

दोनों रास्ते रेत से भरे होने के कारण बाहरी आवाजाही पर नजर रखना आसान था।

फैक्ट्री कब शुरू हुई?

पुलिस सूत्रों के अनुसार यह फैक्ट्री महज 10-15 दिन पहले शुरू हुई थी। 

आरोपी पहले ही एक खेप की सप्लाई कर चुके थे और दूसरी खेप तैयार हो चुकी थी।

मुख्य आरोपी कौन?

नाम: मोटाराम (निवासी आदर्श केरली)  

पिछले 20 साल से नशे के कारोबार में लिप्त

डोडा पोस्त, अफीम, एमडी और शराब तस्करी के दर्जनों मामले

बालोतरा जिले में शराब तस्करी के एक मामले में वांटेड

एनडीपीएस प्रकरण में 5 हजार रुपये का इनामी घोषित

पुलिस का कहना है कि मोटाराम पुलिस को चकमा देने में माहिर है। उसकी तलाश के लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं। 

 मकान मालिक डिटेन, NCB को भी सूचना

मकान मालिक भैराराम कड़वासरा को डिटेन कर लिया गया है। नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) की टीम को भी सूचना दी गई, जो देर रात मौके पर पहुंची।

एसपी का बयान

बाड़मेर एसपी नरेंद्रसिंह मीना ने बताया: 

"डीएसटी को काफी समय से इस फैक्ट्री की सूचना मिली थी। दबिश के दौरान बड़ी मात्रा में मशीनरी, केमिकल और तैयार ड्रग्स बरामद किए गए। देर रात तक कार्रवाई चलती रही। शुक्रवार को पूरे मामले का विस्तृत खुलासा किया जाएगा।"

चौंकाने वाली बात

पुलिस के अनुसार पिछले 18 महीनों में बाड़मेर जिले में यह तीसरी एमडी ड्रग्स फैक्ट्री पकड़ी गई है।अभी तक फरार मोटाराम की गिरफ्तारी और आगे की जांच जारी है।