निर्मल चौधरी का 24 दिसंबर से अरावली आंदोलन, माउंट आबू से 1000 किमी पैदल जनयात्रा शुरू

अरावली पर्वतमाला संरक्षण के लिए 24 दिसंबर से माउंट आबू से 1000 किमी की पैदल जनयात्रा शुरू होगी।

Dec 23, 2025 - 13:18
निर्मल चौधरी का 24 दिसंबर से अरावली आंदोलन, माउंट आबू से 1000 किमी पैदल जनयात्रा शुरू

अरावली पर्वतमाला के संरक्षण और पर्यावरण को बचाने के उद्देश्य से 24 दिसंबर से एक बड़े जनआंदोलन की शुरुआत होने जा रही है। इस अभियान का नाम ‘अरावली आंदोलन’ रखा गया है, जिसका नेतृत्व पर्यावरण कार्यकर्ता निर्मल चौधरी करेंगे। यह आंदोलन माउंट आबू से शुरू होकर करीब 1000 किलोमीटर की पैदल जनयात्रा के रूप में आगे बढ़ेगा।

जानकारी के अनुसार, यह यात्रा सिरोही जिले के माउंट आबू से प्रारंभ होगी और रास्ते में कई गांवों, कस्बों और शहरों से होकर गुजरेगी। यात्रा के दौरान जनसंवाद, जागरूकता कार्यक्रम और स्थानीय लोगों से संवाद किया जाएगा। आयोजकों का कहना है कि अरावली पर्वतमाला पर लगातार बढ़ रहे खनन, अतिक्रमण और प्राकृतिक संसाधनों के दोहन से जल स्रोत, वन क्षेत्र और जैव विविधता को भारी नुकसान हो रहा है। इसी खतरे को लेकर आमजन को सचेत करना इस आंदोलन का मुख्य उद्देश्य है।

निर्मल चौधरी ने कहा कि यह संघर्ष केवल पहाड़ों को बचाने तक सीमित नहीं है, बल्कि जल, जंगल और जमीन की रक्षा से जुड़ा हुआ है। उन्होंने कहा कि अगर अभी ठोस कदम नहीं उठाए गए तो आने वाली पीढ़ियों को इसके गंभीर परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं। आंदोलन के माध्यम से लोगों को यह समझाने का प्रयास किया जाएगा कि अरावली का संरक्षण सीधे जीवन और पर्यावरण से जुड़ा हुआ मुद्दा है।

यात्रा पूरी तरह पैदल होगी, जिससे गांव-गांव जाकर आम लोगों को जोड़ा जाएगा। हर पड़ाव पर स्थानीय समस्याओं पर चर्चा होगी और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया जाएगा। आंदोलन की शुरुआत 24 दिसंबर, बुधवार को सुबह 11 बजे माउंट आबू से होगी।

आयोजकों ने पर्यावरण प्रेमियों, युवाओं, सामाजिक संगठनों और जागरूक नागरिकों से इस जनआंदोलन में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की है। उनका कहना है कि जनसहभागिता से ही अरावली को बचाने की यह मुहिम सफल हो सकती है।