राजस्थान के जर्जर स्कूलों का होगा कायाकल्प, 1500 करोड़ से बदलेगी शिक्षा की तस्वीर
राजस्थान में जर्जर स्कूल भवनों का होगा पुनर्निर्माण, 1500 करोड़ की लागत और पहली बार लिखी जाएगी एक्सपायरी डेट
राजस्थान सरकार ने राज्य के जर्जर स्कूल भवनों को लेकर बड़ा फैसला लिया है। शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने बयान देते हुए कहा है कि प्रदेश के पुराने और कमजोर स्कूल भवनों का जल्द पुनर्निर्माण किया जाएगा। इसके लिए राज्य और केंद्र सरकार मिलकर 1500 करोड़ रुपए से अधिक की राशि खर्च करेंगी। सरकार का उद्देश्य है कि बच्चों को सुरक्षित और बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके। शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने बताया कि स्कूलों के निर्माण और अन्य आवश्यक कार्यों के लिए राज्य सरकार की ओर से 575 करोड़ रुपए लगाए जा रहे हैं। इसके अलावा केंद्र सरकार से लगभग 1000 करोड़ रुपए का सहयोग भी मिलेगा। इस संयुक्त प्रयास से राजस्थान के सरकारी स्कूलों के ढांचे को मजबूत किया जाएगा और शैक्षणिक संसाधनों में बढ़ोतरी की जाएगी।
नई व्यवस्था: भवनों पर होगी एक्सपायरी डेट
इस बार स्कूल भवनों के निर्माण में एक नई व्यवस्था लागू की जा रही है। मंत्री दिलावर ने बताया कि हर नए स्कूल भवन पर निर्माण तिथि के साथ उसकी एक्सपायरी डेट भी लिखी जाएगी। इससे यह स्पष्ट रहेगा कि भवन कितने समय तक उपयोग में लिया जा सकता है। निर्धारित अवधि पूरी होने के बाद उस भवन का इस्तेमाल बंद कर दिया जाएगा और आवश्यकता पड़ने पर उसे गिराकर नया निर्माण किया जाएगा। इससे भविष्य में जर्जर भवनों से होने वाले हादसों को रोका जा सकेगा। इसके अलावा उन्होंने कहा कि सरकार बच्चों की सुरक्षा को लेकर पूरी तरह संवेदनशील है। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि निर्माण कार्य के दौरान या जर्जर भवनों की मरम्मत के समय छात्रों की पढ़ाई प्रभावित न हो। जहां आवश्यक होगा, वहां वैकल्पिक व्यवस्था भी की जाएगी, ताकि बच्चों को किसी तरह की परेशानी न झेलनी पड़े।
कांग्रेस के आरोपों पर पलटवार
शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने कांग्रेस के आरोपों पर जवाब देते हुए कहा कि पिछली कांग्रेस सरकार के समय बने कई स्कूल भवनों में भ्रष्टाचार हुआ, जिसके कारण वे मजबूत नहीं बन सके और आज जर्जर स्थिति में हैं। गौरतलब है कि पूर्व मंत्री और कांग्रेस विधायक शांति धारीवाल ने विधानसभा में जर्जर स्कूल भवनों का मुद्दा उठाया था। उन्होंने आरोप लगाया था कि कई स्कूलों में बुनियादी सुविधाओं की कमी है और इससे बच्चे शिक्षा से वंचित हो रहे हैं। इस पर जवाब देते हुए दिलावर ने कहा कि वर्तमान सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ स्कूलों के कायाकल्प में जुटी हुई है।