माजीसा धाम में चोरी: आस्था पर चोट, भक्तों का आक्रोश सड़कों पर!
बाड़मेर के जूना केराडू मार्ग स्थित श्री माताराणी भटियाणी माताजी मंदिर (माजीसा धाम) में 28 दिसंबर की रात तीन नकाबपोश चोरों ने ताले-पट्ट तोड़कर लाखों रुपये के सोने के गहने और नकदी चुरा ली। घटना सीसीटीवी में कैद हुई
बाड़मेर। राजस्थान के बाड़मेर जिले में चोरों के बढ़ते हौसलों ने एक बार फिर श्रद्धालुओं की आस्था को ठेस पहुंचाई है। शहर के जूना केराडू मार्ग पर स्थित श्री माताराणी भटियाणी माताजी मंदिर (माजीसा धाम) में 28 दिसंबर की देर रात हुई बड़ी चोरी को दो पखवाड़े बीत चुके हैं, लेकिन पुलिस अब तक चोरों का कोई सुराग नहीं लगा पाई है। मंदिर के पट्ट और ताले तोड़कर चोरों ने लाखों रुपये के सोने के गहने और नकदी पर हाथ साफ कर दिया। यह वारदात मंदिर में लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई, जिसमें तीन नकाबपोश चोर लोहे की रॉड से गेट और ताले तोड़ते तथा मंदिर के अंदर घूमते साफ नजर आ रहे हैं।
चोरी की इस घटना ने न केवल मंदिर ट्रस्ट बल्कि हजारों भक्तों में भारी रोष पैदा कर दिया है। पुलिस ने घटना के तुरंत बाद 24 घंटे में खुलासे का आश्वासन दिया था, जिसे भक्तों ने संयम के साथ स्वीकार किया। लेकिन अब तक कोई ठोस परिणाम न आने से निराशा बढ़ती जा रही है। पुलिस अधीक्षक नरेंद्र सिंह मीना खुद घटनास्थल पर पहुंचे और मौका मुआयना किया। उन्होंने बताया कि चोरों ने मुख्य रूप से सोने के आभूषण चुराए हैं। पुलिस ने कई टीमें गठित कर जांच शुरू की और शहर में रात्रि गश्त बढ़ाने का दावा किया, लेकिन चोरों की गिरफ्तारी दूर की कौड़ी बनी हुई है।
आज भक्तों का गुस्सा सड़कों पर फूट पड़ा। सैकड़ों महिलाएं और युवा आक्रोशित होकर सड़कों पर उतरे। उन्होंने जोरदार नारे लगाए - 'पुलिस मुर्दाबाद', 'चोरी का खुलासा करो' और 'माजीसा की आस्था को बचाओ' जैसे नारे गूंजते रहे। प्रदर्शनकारियों ने जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर तत्काल कार्रवाई की मांग की। मंदिर ट्रस्ट के सदस्यों का कहना है कि यह चोरी न केवल संपत्ति की हानि है, बल्कि आस्था पर सीधा हमला है।
बाड़मेर में चोरियों की घटनाएं दिनोंदिन बढ़ रही हैं, जिससे आमजन में पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। भक्तों का कहना है कि अगर जल्द चोर पकड़े नहीं गए तो आंदोलन और तेज होगा। पुलिस का दावा है कि सीसीटीवी फुटेज और अन्य सुरागों के आधार पर जल्द गिरफ्तारी होगी, लेकिन भक्तों का सब्र अब जवाब दे रहा है।